Muanjodaro: मुअनजोदड़ो
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- Synopsis
- ओम थानवी की मुअनजोदड़ो एक गहरी यात्रा-वृत्तांत है जो केवल ऐतिहासिक तथ्यों तक सीमित नहीं रहती, बल्कि इसे एक व्यक्तिगत और दार्शनिक दृष्टि से प्रस्तुत करती है। यह पुस्तक सिन्धु घाटी सभ्यता के प्राचीन नगर मुअनजोदड़ो की यात्रा के माध्यम से इतिहास, स्मृतियों और मानव सभ्यता के सतत प्रवाह की खोज करती है। थानवी केवल खंडहरों का वर्णन नहीं करते, बल्कि उस समय की सामाजिक संरचना, नगर नियोजन और सभ्यता के रहस्यमय अंत को भी टटोलते हैं। पुस्तक अतीत और वर्तमान के बीच एक गहरा संबंध स्थापित करती है, विशेष रूप से भारत-पाकिस्तान के सांस्कृतिक और ऐतिहासिक संबंधों के संदर्भ में। यात्रा के दौरान स्थानीय लोगों से संवाद, सिंध के परिदृश्य और इतिहास के प्रति लेखक की जिज्ञासा इसे एक जीवंत अनुभव बनाते हैं। यह केवल एक ऐतिहासिक यात्रा नहीं, बल्कि एक काव्यात्मक और आत्मविश्लेषणात्मक दृष्टिकोण से रचित कृति है, जो इतिहास प्रेमियों, यात्रियों और सिन्धु घाटी की गूढ़ विरासत में रुचि रखने वालों के लिए एक अनमोल ग्रंथ है।
- Copyright:
- 2011
Book Details
- Book Quality:
- Excellent
- Book Size:
- 119 Pages
- ISBN-13:
- 9789350007235
- Publisher:
- Vani Prakashan
- Date of Addition:
- 02/15/25
- Copyrighted By:
- Om Thavani
- Adult content:
- No
- Language:
- Hindi
- Has Image Descriptions:
- Yes
- Categories:
- History, Literature and Fiction
- Submitted By:
- Bookshare Staff
- Usage Restrictions:
- This is a copyrighted book.
- Edited by:
- Book donated by The Blind Relief Association Delhi